नई दिल्ली : Late Night Eating को लेकर आम धारणा है कि इससे सीधा पाचन खराब हो जाता है। लेकिन सेलिब्रिटी न्यूट्रिशनिस्ट पूजा मखीजा के अनुसार, देर रात खाना खाने से पाचन तंत्र नहीं बल्कि शरीर का हार्मोनल सिस्टम और मेटाबॉलिज्म अधिक प्रभावित होता है। उनका कहना है कि इसका मुख्य कारण शरीर में बढ़ता हुआ मेलाटोनिन हार्मोन है, जो नींद से जुड़ा होता है।
आज की तेज़ रफ्तार जिंदगी में बहुत से लोग देर रात भोजन करने के आदी हो चुके हैं। ऑफिस का दबाव, मोबाइल और ओटीटी प्लेटफॉर्म्स की आदत ने खाने का समय बिगाड़ दिया है। लेकिन Late Night Eating शरीर के लिए कितनी खतरनाक हो सकती है, यह जानना बेहद जरूरी है।
मेलाटोनिन हार्मोन और Late Night Eating का संबंध
पूजा मखीजा बताती हैं कि मेलाटोनिन को नींद का हार्मोन कहा जाता है। यह सोने से लगभग 2 से 3 घंटे पहले बढ़ना शुरू हो जाता है। जैसे ही मेलाटोनिन का स्तर बढ़ता है—
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इंसुलिन सेंसिटिविटी लगभग 50% तक कम हो जाती है
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फैट सेल्स स्टोरेज मोड में चले जाते हैं
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शरीर ऊर्जा जलाने की बजाय फैट जमा करने लगता है
यही कारण है कि Late Night Eating करने पर वही खाना जो शाम को आसानी से पच जाता है, रात में खाने पर शरीर के लिए समस्या बन जाता है।
शाम 7 बजे और रात 10 बजे खाने का फर्क
न्यूट्रिशनिस्ट के अनुसार, यदि आप वही भोजन—
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शाम 7 बजे खाते हैं → शरीर उसे बेहतर तरीके से पचाकर ऊर्जा में बदलता है
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रात 10 बजे खाते हैं → ब्लड शुगर तेजी से बढ़ता है और फैट स्टोर होने लगता है
यानी Late Night Eating सिर्फ वजन बढ़ने की वजह नहीं बनती, बल्कि यह धीरे-धीरे मेटाबॉलिक समस्याओं को जन्म देती है।
Late Night Eating से बढ़ता है ब्लड शुगर
पूजा मखीजा ने एक महत्वपूर्ण स्टडी का हवाला दिया, जिसमें बताया गया कि जब शरीर में मेलाटोनिन का स्तर अधिक होता है, यानी सोने से 2–3 घंटे पहले—
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खाना खाने पर ब्लड ग्लूकोज लेवल 34% तक ज्यादा बढ़ सकता है
यह स्थिति खासतौर पर—
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डायबिटीज
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प्री-डायबिटिक कंडीशन
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मोटापा
से जूझ रहे लोगों के लिए बेहद खतरनाक हो सकती है। इसलिए Late Night Eating को नजरअंदाज करना सही नहीं है।
देर रात खाने से क्या-क्या नुकसान हो सकते हैं?
Late Night Eating के नियमित होने से शरीर पर कई नकारात्मक प्रभाव पड़ते हैं:
मुख्य नुकसान
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वजन तेजी से बढ़ना
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पेट और कमर के आसपास फैट जमा होना
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ब्लड शुगर असंतुलन
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मेटाबॉलिज्म स्लो होना
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नींद की गुणवत्ता खराब होना
लंबे समय तक यह आदत हार्ट डिजीज और डायबिटीज जैसी बीमारियों का खतरा भी बढ़ा सकती है।
सोने से कितने घंटे पहले खाना चाहिए?
विशेषज्ञों के अनुसार—
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सोने से कम से कम 2–3 घंटे पहले भोजन कर लेना चाहिए
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हल्का और संतुलित भोजन सबसे बेहतर रहता है
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बहुत अधिक कार्ब्स और शुगर से बचना चाहिए
अगर कभी मजबूरी में देर हो जाए, तो Late Night Eating के बजाय हल्का स्नैक लेना बेहतर विकल्प हो सकता है।
स्वस्थ जीवन के लिए सही समय पर भोजन जरूरी
आज लोग डाइट पर तो ध्यान देते हैं, लेकिन खाने के समय को नजरअंदाज कर देते हैं। जबकि न्यूट्रिशनिस्ट मानती हैं कि क्या खाते हैं जितना जरूरी है, उतना ही जरूरी है कब खाते हैं। Late Night Eating इसी संतुलन को बिगाड़ देती है।
Late Night Eating सिर्फ पाचन से जुड़ी समस्या नहीं है, बल्कि यह हार्मोन, मेटाबॉलिज्म और ब्लड शुगर को भी गंभीर रूप से प्रभावित करती है। अगर आप फिट और हेल्दी रहना चाहते हैं, तो समय पर भोजन करना और देर रात खाने की आदत से बचना बेहद जरूरी है। सही समय पर लिया गया भोजन ही शरीर को सही दिशा में काम करने में मदद करता है।







