बेंगलुरु। विराट कोहली की शानदार बल्लेबाजी एक बार फिर चर्चा में है, जहां उनकी 44 गेंदों पर 81 रन की बेहतरीन पारी ने रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु को गुजरात टाइटन्स के खिलाफ पांच विकेट से जीत दिलाई। इस प्रभावशाली प्रदर्शन के लिए उन्हें मैच का सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी चुना गया। मुकाबले के बाद गुजरात टाइटन्स के सहायक कोच विजय दहिया ने कोहली की सराहना करते हुए कहा कि उनकी खेल के प्रति प्रतिबद्धता और लगातार बेहतर करने की इच्छा उन्हें अन्य खिलाड़ियों से अलग बनाती है।
दहिया ने कहा कि मैच के बाद भी कोहली इस बात पर विचार कर रहे थे कि वह अपनी पारी को शतक में बदल सकते थे, जो उनके सोचने के तरीके और उच्च मानकों को दर्शाता है। उन्होंने बताया कि जब कोई बल्लेबाज खेल की स्थिति पर नियंत्रण स्थापित कर लेता है, तो वह गेंदबाजों को दबाव में लाकर अपनी रणनीति के अनुसार खेलने को मजबूर कर देता है। उन्होंने यह भी स्वीकार किया कि जिस पिच पर बल्लेबाजी आसान नहीं थी, वहां कोहली ने अपने अनुभव और तकनीक के बल पर इसे सहज बना दिया।
उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि कोहली ने यह पारी विश्व स्तर के गेंदबाजों के खिलाफ खेली है, जिससे उनकी उपलब्धि का महत्व और बढ़ जाता है। दहिया के अनुसार कोहली की सबसे बड़ी ताकत उनकी निरंतर सीखने और सुधार करने की प्रवृत्ति है। वह मैदान पर तेजी से रन लेने में आज भी उतने ही कुशल हैं और युवा खिलाड़ियों को अतिरिक्त प्रयास करने के लिए प्रेरित करते रहते हैं।
दहिया ने कहा कि कोहली किसी को कुछ साबित करने के लिए नहीं खेलते, बल्कि उनका पूरा ध्यान अपने प्रदर्शन को बेहतर बनाने पर रहता है। वह हर मैच में खुद को परखते हैं और पिछले प्रदर्शन से आगे बढ़ने का प्रयास करते हैं। यही कारण है कि लंबे समय से शीर्ष स्तर पर खेलने के बावजूद उनकी ऊर्जा और समर्पण में कोई कमी नहीं आई है। यह जीत मौजूदा सत्र में टीम के लिए महत्वपूर्ण मानी जा रही है और कोहली की शानदार फॉर्म टीम के आत्मविश्वास को मजबूत कर रही है , इस मुकाबले और प्रदर्शन से जुड़ी अधिक जानकारी के लिए पाठक यहां देख सकते हैं: https://www.arpanews36.com







