कलेक्टर का ग्रामीण क्षेत्रों का व्यापक दौरा: किसानों की आय बढ़ाना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता

धमतरी । जिले के किसानों की आय बढ़ाने और कृषि को अधिक लाभकारी बनाने के उद्देश्य से कलेक्टर का ग्रामीण क्षेत्रों का व्यापक दौरा आज संपन्न हुआ। कलेक्टर श्री अबिनाश मिश्रा ने खपरी, संबलपुर, पुरी, डांडेसरा, कन्हारपुरी, भुसरेंगा, बगौद, कुर्रा, कोसमर्रा, देवरी और सिहाद सहित अनेक गांवों का निरीक्षण कर खेत-खेत जाकर चना, सरसों और अरहर फसलों की स्थिति का जायज़ा लिया। इस दौरान उन्होंने किसानों से सीधा संवाद कर उनकी समस्याएं सुनीं और त्वरित समाधान का भरोसा दिलाया।

 किसानों से सीधा संवाद, समस्याओं के समाधान का आश्वासन

कलेक्टर का ग्रामीण क्षेत्रों का व्यापक दौरा केवल औपचारिक निरीक्षण तक सीमित नहीं रहा, बल्कि यह किसानों के साथ संवाद का सशक्त मंच बना। किसानों ने सिंचाई, खाद-उर्वरक, फसल सुरक्षा और चोरी जैसी समस्याओं से कलेक्टर को अवगत कराया। कलेक्टर ने कहा कि किसानों की प्रगति ही जिले की प्रगति है और उनकी समस्याओं का समाधान प्रशासन की जिम्मेदारी है।

 खेतों में पहुंचकर फसलों का किया निरीक्षण

कलेक्टर ने चना, सरसों, अरहर और उड़द की फसलों की वास्तविक स्थिति देखी और किसानों से उत्पादन, पानी की उपलब्धता और कीट नियंत्रण से जुड़ी जानकारी ली। कलेक्टर का ग्रामीण क्षेत्रों का व्यापक दौरा किसानों के लिए भरोसे का प्रतीक बना, क्योंकि समस्याएं सीधे निर्णय लेने वाले अधिकारी तक पहुंचीं।

 चना, सरसों और अरहर की खेती को मिल रहा बढ़ावा

उप संचालक कृषि श्री मोनेश साहू ने जानकारी दी कि खपरी और संबलपुर क्षेत्र में किसानों द्वारा लगभग 1000 एकड़ में चना की खेती की जा रही है। कृषि विभाग द्वारा बीज उपलब्ध कराए जाने से पिछले वर्ष की तुलना में चना उत्पादन में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है।
भुसरेंगा और बगौद क्षेत्र के किसान सरसों, अरहर और उड़द की खेती कर रहे हैं। कलेक्टर का ग्रामीण क्षेत्रों का व्यापक दौरा इन फसलों को प्रोत्साहित करने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।

 एमएसएमई और आयमूलक गतिविधियों को प्रोत्साहन

कलेक्टर श्री मिश्रा ने किसानों को केवल उत्पादन तक सीमित न रहकर मूल्य-वर्धन (Value Addition) की ओर बढ़ने की सलाह दी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि लघु-सूक्ष्म-मध्यम उद्योग (MSME) के लिए प्रकरण तैयार किए जाएं।
उन्होंने किसानों को बताया कि एमएसएमई इकाइयों के लिए 35 प्रतिशत तक सब्सिडी का प्रावधान है, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार और आय दोनों बढ़ेंगे।

 किसानों की समस्याओं का होगा त्वरित समाधान

कलेक्टर का ग्रामीण क्षेत्रों का व्यापक दौरा के दौरान किसानों ने हाईवे के समीप स्थित खेतों से कृषि यंत्रों की चोरी और आवारा पशुओं से होने वाले नुकसान की समस्या बताई। कलेक्टर ने आश्वस्त किया कि पुलिस और संबंधित विभागों के साथ समन्वय कर इन समस्याओं पर ठोस कार्रवाई की जाएगी।

 मिलेट और गेहूं उत्पादन बढ़ाने पर विशेष जोर

कलेक्टर ने कहा कि मिलेट केवल पोषण का स्रोत नहीं है, बल्कि पशु चारे के लिए भी उपयोगी है। उन्होंने मिलेट मिशन को गति देने और सिंचित क्षेत्रों में गेहूं उत्पादन बढ़ाने के निर्देश दिए।
कलेक्टर का ग्रामीण क्षेत्रों का व्यापक दौरा जिले में फसल विविधीकरण को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है।

 बीज, खाद और उर्वरकों की उपलब्धता की समीक्षा

कलेक्टर ने बीज वितरण, उर्वरकों की उपलब्धता और भंडारण की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि कृषि उत्पादकता बढ़ाने के लिए किसानों को—

  • उन्नत और गुणवत्तापूर्ण बीज

  • समय पर खाद-उर्वरक

  • मिट्टी परीक्षण (Soil Health Card)

  • नियमित प्रशिक्षण

उपलब्ध कराना अत्यंत आवश्यक है।

कुल मिलाकर, कलेक्टर का ग्रामीण क्षेत्रों का व्यापक दौरा किसानों के हित में एक निर्णायक पहल साबित हुआ है। फसल निरीक्षण, सीधा संवाद, एमएसएमई प्रोत्साहन और मिलेट उत्पादन जैसे कदमों से स्पष्ट है कि प्रशासन किसानों की आय बढ़ाने और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत करने के लिए गंभीर है। आने वाले समय में कलेक्टर का ग्रामीण क्षेत्रों का व्यापक दौरा जिले की कृषि व्यवस्था को नई दिशा देगा।

 

Bharti Sahu
Author: Bharti Sahu

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