धान खरीदी 2025-26 धमतरी: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की नीतियों से किसानों को आसान और पारदर्शी खरीदी का लाभ

धमतरी : धान खरीदी 2025-26 धमतरी में इस वर्ष किसानों को सरकार की किसान हितैषी नीतियों का सीधा लाभ मिल रहा है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में राज्य सरकार द्वारा लागू की गई योजनाओं के कारण जिले में धान उपार्जन की प्रक्रिया पहले से अधिक सरल, पारदर्शी और भरोसेमंद बन गई है। खेतों से लेकर धान उपार्जन केंद्रों तक इसका सकारात्मक असर साफ नजर आ रहा है, जिससे किसानों का भरोसा शासन-प्रशासन पर मजबूत हुआ है।

🌾 धमतरी जिले में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी की सुचारू व्यवस्था

खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 के अंतर्गत धान खरीदी 2025-26 धमतरी जिले में पूरी व्यवस्थित तरीके से संचालित की जा रही है। जिले के सभी धान उपार्जन केंद्रों में किसानों के लिए आवश्यक मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। समर्थन मूल्य की दर सूची को प्रमुखता से प्रदर्शित किया गया है, ताकि किसानों को किसी प्रकार की भ्रम या असुविधा न हो।

किसानों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए धान खरीदी केंद्रों पर बैठने, छाया, पेयजल और त्वरित तौल व्यवस्था सुनिश्चित की गई है। इससे ग्रामीण अंचलों के किसान बिना किसी परेशानी के अपनी उपज का विक्रय कर पा रहे हैं।

👨‍🌾 युवा किसान गौरवपुरी गोस्वामी बने उदाहरण

धान खरीदी 2025-26 धमतरी का एक प्रेरणादायक उदाहरण पोटियाडीह धान उपार्जन केंद्र में देखने को मिला। यहाँ युवा एवं शिक्षित किसान गौरवपुरी गोस्वामी ने बिना किसी परेशानी के 182 क्विंटल धान का विक्रय किया। बीकॉम की पढ़ाई पूरी करने के बाद गौरवपुरी ने नौकरी की बजाय खेती को अपना भविष्य बनाया और सरकारी योजनाओं का लाभ लेकर कृषि को आय का स्थायी साधन बना रहे हैं।

गौरवपुरी का कहना है कि अब खेती केवल परंपरा नहीं, बल्कि तकनीक और योजना के साथ किया जाने वाला एक सशक्त व्यवसाय बन चुका है।

📱‘तुंहर टोकन’ ऐप से धान खरीदी हुई आसान

राज्य सरकार द्वारा लागू की गई ‘तुंहर टोकन’ मोबाइल ऐप ने धान खरीदी 2025-26 धमतरी की प्रक्रिया को पूरी तरह बदल दिया है। यह 24 घंटे ऑनलाइन टोकन व्यवस्था किसानों के लिए बेहद उपयोगी साबित हो रही है।

🔹 टोकन प्रणाली के प्रमुख लाभ
  • किसान घर बैठे मोबाइल से टोकन प्राप्त कर सकते हैं

  • उपार्जन केंद्रों में भीड़ और इंतजार की समस्या खत्म

  • समय और श्रम दोनों की बचत

  • प्रक्रिया में पूरी पारदर्शिता

इस डिजिटल व्यवस्था से किसानों को अनावश्यक परेशानियों से राहत मिली है और खरीदी प्रक्रिया तेज हुई है।

🌱फसल चक्र और जल संरक्षण को बढ़ावा

धान खरीदी के साथ-साथ किसान अब वैकल्पिक खेती की ओर भी अग्रसर हो रहे हैं। गौरवपुरी गोस्वामी ने रबी मौसम में साढ़े 5 एकड़ भूमि में चने की फसल बोई है। इससे न केवल आय के अतिरिक्त स्रोत विकसित हो रहे हैं, बल्कि जल संरक्षण और पर्यावरण संतुलन को भी बढ़ावा मिल रहा है।

विशेषज्ञों के अनुसार फसल चक्र अपनाने से:

  • भूमि की उर्वरता बनी रहती है

  • सिंचाई जल की खपत कम होती है

  • खेती की लागत घटती है

यह पहल धान खरीदी 2025-26 धमतरी के साथ-साथ टिकाऊ कृषि की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।

🛡️ निगरानी व्यवस्था और पारदर्शिता पर विशेष ध्यान

जिले में कंट्रोल सेंटर और कॉल सेंटर के माध्यम से धान के अवैध परिवहन, भंडारण और बिचौलियों की गतिविधियों पर सतत निगरानी रखी जा रही है। जिला प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि किसानों के हितों से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा।

 धान खरीदी 2025-26 धमतरी बनी किसानों के लिए भरोसे की मिसाल

धान खरीदी 2025-26 धमतरी जिले में पारदर्शिता, तकनीक और किसान हितैषी नीतियों का सफल उदाहरण बनकर उभरी है। ‘तुंहर टोकन’ जैसी डिजिटल पहल, सख्त निगरानी व्यवस्था और समर्थन मूल्य पर सुचारू खरीदी ने किसानों का भरोसा मजबूत किया है। यह व्यवस्था न केवल वर्तमान किसानों के लिए लाभकारी है, बल्कि भविष्य की टिकाऊ कृषि की मजबूत नींव भी रख रही है।

 

Bharti Sahu
Author: Bharti Sahu

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