21 चोरी की बाइक बरामद, अंतरजिला वाहन चोर गिरोह का बड़ा खुलासा

रायपुर। दोपहिया वाहन चोरी की लगातार बढ़ती घटनाओं पर प्रभावी अंकुश लगाने के उद्देश्य से चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने एक अंतरजिला वाहन चोर गिरोह का पर्दाफाश करते हुए 21 चोरी की मोटरसाइकिलें बरामद की हैं। कार्रवाई के दौरान हिस्ट्रीशीटर आरोपी अभिषेक राय उर्फ जीतू को गिरफ्तार किया गया है, जो लंबे समय से वाहन चोरी के मामलों में संलिप्त रहा है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपी से पूछताछ के आधार पर गिरोह के अन्य सदस्यों और चोरी के नेटवर्क की भी जांच की जा रही है। इस कार्रवाई को वाहन चोरी की घटनाओं पर प्रभावी नियंत्रण की दिशा में महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जा रहा है।

पुलिस उपायुक्त (क्राइम एवं साइबर) स्मृतिक राजनाला के निर्देश पर वाहन चोरी की घटनाओं की रोकथाम और अज्ञात आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी के लिए एंटी क्राइम एवं साइबर यूनिट के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई थी। टीम ने वाहन चोरी वाले क्षेत्रों का विश्लेषण करते हुए घटनास्थलों और आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। इसके साथ ही मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया गया तथा नियमित पेट्रोलिंग, तकनीकी विश्लेषण और अन्य खुफिया माध्यमों से सूचनाएं एकत्र की गईं। जांच के दौरान पुलिस ने उन स्थानों को भी चिन्हित किया, जहां सबसे अधिक दोपहिया वाहन चोरी की घटनाएं सामने आ रही थीं। इसी दौरान विशेष टीम को सूचना मिली कि थाना खरोरा का हिस्ट्रीशीटर अभिषेक राय उर्फ जीतू लगातार अलग-अलग चोरी की मोटरसाइकिलों का उपयोग कर रहा है। सूचना को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने उसकी गतिविधियों पर निगरानी रखी और वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में योजनाबद्ध तरीके से कार्रवाई की।

लगातार निगरानी के बाद पुलिस ने विधानसभा क्षेत्र में घेराबंदी कर आरोपी को टीवीएस ड्रिम योगा मोटरसाइकिल क्रमांक सीजी 04 एमआर 2024 के साथ गिरफ्तार कर लिया। प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी की संलिप्तता वाहन चोरी के कई मामलों में सामने आई है। पुलिस के अनुसार आरोपी के खिलाफ पहले से भी वाहन चोरी और चोरी के एक दर्जन से अधिक प्रकरण दर्ज हैं। उसकी निशानदेही पर विभिन्न स्थानों से कुल 21 चोरी की मोटरसाइकिलें बरामद की गई हैं। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि चोरी के इन वाहनों को किन-किन जिलों से चुराया गया था और उन्हें बेचने या ठिकाने लगाने के लिए गिरोह किस नेटवर्क का इस्तेमाल करता था। अधिकारियों का कहना है कि जांच के आधार पर अन्य संदिग्धों की पहचान कर जल्द ही आगे की कार्रवाई की जाएगी।

पुलिस ने आम नागरिकों से भी अपील की है कि अपने वाहनों को सुरक्षित स्थानों पर पार्क करें, सुरक्षा लॉक का उपयोग करें तथा किसी भी संदिग्ध गतिविधि की जानकारी तत्काल पुलिस को दें। आधुनिक तकनीक, सीसीटीवी निगरानी और जनसहयोग के माध्यम से वाहन चोरी की घटनाओं पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करने के प्रयास लगातार जारी हैं। वाहन चोरी या अन्य अपराधों से संबंधित शिकायत और जानकारी के लिए छत्तीसगढ़ पुलिस की आधिकारिक वेबसाइट https://cgpolice.gov.in पर भी संपर्क किया जा सकता है।

Annu Dewangan
Author: Annu Dewangan