मोदी सरकार में बड़े फेरबदल के संकेत, आज मंत्रियों का होगा रिपोर्ट कार्ड टेस्ट

नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में गुरुवार को होने वाली मंत्रिपरिषद की अहम बैठक ने राजनीतिक हलकों में हलचल बढ़ा दी है। पांच देशों की विदेश यात्रा से लौटने के बाद प्रधानमंत्री सीधे सरकार के कामकाज की समीक्षा में जुटेंगे। मोदी सरकार 3.0 के दो वर्ष पूरे होने के अवसर पर बुलाई गई इस उच्च स्तरीय बैठक को संभावित कैबिनेट फेरबदल और विस्तार से जोड़कर देखा जा रहा है। करीब एक साल बाद आयोजित हो रही इस बैठक में सभी कैबिनेट मंत्री, स्वतंत्र प्रभार वाले राज्य मंत्री और राज्य मंत्री अनिवार्य रूप से शामिल होंगे। माना जा रहा है कि बैठक में पिछले दो वर्षों के कामकाज, योजनाओं के क्रियान्वयन और मंत्रालयों की कार्यक्षमता का विस्तृत मूल्यांकन किया जाएगा।

सूत्रों के अनुसार प्रधानमंत्री शाम 4 बजे नई दिल्ली स्थित ‘सेवा तीर्थ’ में बैठक की अध्यक्षता करेंगे। इस दौरान प्रत्येक मंत्रालय को अपने विभाग की उपलब्धियों, लंबित परियोजनाओं और भविष्य की योजनाओं का प्रस्तुतीकरण देना होगा। सरकार का फोकस विशेष रूप से उन योजनाओं पर रहेगा जिनका सीधा संबंध आम जनता से है। केंद्र सरकार चाहती है कि कल्याणकारी योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पारदर्शी तरीके से पहुंचे और विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित हो। माना जा रहा है कि कुछ मंत्रालयों के प्रदर्शन को लेकर शीर्ष स्तर पर असंतोष है और इसी आधार पर मंत्रियों के विभागों में बदलाव या कुछ चेहरों की छुट्टी तक हो सकती है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह बैठक केवल प्रशासनिक समीक्षा तक सीमित नहीं रहेगी, बल्कि आगामी राजनीतिक और संगठनात्मक रणनीति का भी आधार बनेगी।

बैठक ऐसे समय हो रही है जब पश्चिम एशिया में जारी तनाव और वैश्विक आर्थिक चुनौतियों का असर भारत सहित कई देशों पर दिखाई दे रहा है। ऐसे में ऊर्जा, कृषि, उर्वरक, विमानन, जहाजरानी और लॉजिस्टिक्स जैसे संवेदनशील विभागों को लेकर प्रधानमंत्री विशेष दिशा-निर्देश जारी कर सकते हैं। सरकार की कोशिश महंगाई नियंत्रण, आपूर्ति व्यवस्था और आवश्यक वस्तुओं की उपलब्धता को स्थिर बनाए रखने की है ताकि वैश्विक संकट का असर आम नागरिकों पर कम से कम पड़े। इसके साथ ही अटकी परियोजनाओं को गति देने और सरकारी योजनाओं की निगरानी को और मजबूत करने पर भी जोर दिया जाएगा।

राजनीतिक गलियारों में यह चर्चा तेज है कि जून के दूसरे सप्ताह में मोदी मंत्रिमंडल का विस्तार और फेरबदल संभव है। बेहतर प्रदर्शन करने वाले कुछ राज्य मंत्रियों को प्रमोशन मिल सकता है, जबकि कमजोर प्रदर्शन वाले मंत्रियों की जिम्मेदारियों में बदलाव किया जा सकता है। संगठन और सरकार के बीच बेहतर तालमेल स्थापित करने के लिए नए चेहरों को भी मौका मिलने की संभावना जताई जा रही है। हालांकि सरकार की ओर से अब तक किसी आधिकारिक फेरबदल की पुष्टि नहीं की गई है, लेकिन आज की बैठक को आगामी राजनीतिक फैसलों की दिशा तय करने वाला महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। प्रधानमंत्री कार्यालय और केंद्र सरकार से जुड़ी अधिक जानकारी Prime Minister of India Official Website पर देखी जा सकती है।https://www.pmindia.gov.in?utm_source=chatgpt.com

 

Annu Dewangan
Author: Annu Dewangan