ओवरलोड हाइवा ने बिगाड़ी सिंधौरी-मंदरौद सड़क, कीचड़ और गड्ढों से ग्रामीणों का फूटा गुस्सा

कुरुद । कुरुद विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम पंचायत सिंधौरी से मंदरौद तक लगभग 4.85 किलोमीटर लंबा सड़क मार्ग जर्जर स्थिति में पहुंच चुका है। लगातार भारी वाहनों, विशेषकर ओवरलोड रेत से भरे हाइवा ट्रकों की आवाजाही के कारण सड़क पर बड़े-बड़े गड्ढे बन गए हैं, जिससे बारिश के मौसम में आवागमन बेहद कठिन हो गया है। हालात ऐसे हैं कि कई स्थानों पर गड्ढों में पानी भर जाने से सड़क और तालाब में अंतर करना मुश्किल हो रहा है। इसका सबसे अधिक असर स्कूली विद्यार्थियों पर पड़ रहा है, जिन्हें प्रतिदिन कीचड़ और जलभराव के बीच जोखिम उठाकर स्कूल पहुंचना पड़ रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि आए दिन छात्र-छात्राएं और राहगीर फिसलकर घायल हो रहे हैं, लेकिन अब तक समस्या के स्थायी समाधान की दिशा में कोई प्रभावी पहल नहीं हुई है।

ग्राम पंचायत के सरपंच दुलार साहू, ग्राम प्रमुख श्रीकांत मिश्रा, सेवानिवृत्त शिक्षक जगजीवन मिश्रा सहित अन्य ग्रामीणों ने बताया कि विशाखापत्तनम मार्ग के निर्माण कार्य के दौरान से ही इस सड़क की स्थिति लगातार खराब होती गई। उनका आरोप है कि ओवरलोड रेत परिवहन करने वाले भारी वाहनों की निरंतर आवाजाही ने सड़क की परत को पूरी तरह क्षतिग्रस्त कर दिया है। ग्रामीणों के अनुसार सड़क की मरम्मत और भारी वाहनों पर नियंत्रण की मांग को लेकर कई बार संबंधित विभाग और जनप्रतिनिधियों का ध्यान आकर्षित कराया गया, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं होने से लोगों में नाराजगी बढ़ रही है। उनका कहना है कि यदि समय रहते सड़क की मरम्मत नहीं कराई गई तो बरसात के दौरान दुर्घटनाओं की आशंका और बढ़ सकती है।

गौरतलब है कि क्षेत्र में विकास कार्यों के बड़े-बड़े दावों के बीच ग्रामीण सड़कों की बदहाल स्थिति लगातार सवालों के घेरे में रही है। जनपद पंचायत की सामान्य सभा में भी क्षेत्रीय जनप्रतिनिधियों ने ग्रामीण सड़कों की दुर्दशा का मुद्दा उठाते हुए शीघ्र मरम्मत कराने की मांग की थी। इसके बावजूद जिम्मेदार विभाग की ओर से अब तक कोई प्रभावी कदम सामने नहीं आया है। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क केवल दो गांवों को जोड़ने वाला मार्ग नहीं है, बल्कि विद्यार्थियों, किसानों, मजदूरों और रोजमर्रा के कामकाज के लिए आने-जाने वाले सैकड़ों लोगों की जीवनरेखा है। ऐसे में प्रशासन को प्राथमिकता के आधार पर सड़क का निरीक्षण कर आवश्यक मरम्मत कार्य शुरू कराना चाहिए। यदि सड़क प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना अथवा अन्य ग्रामीण सड़क परियोजना के अंतर्गत आती है, तो नागरिक संबंधित शिकायतों को दर्ज कराने के लिए सरकार की ‘मेरी सड़क’ सेवा का भी उपयोग कर सकते हैं। https://www.dord.gov.in/offerings/schemes-and-services/details/pradhan-mantri-gram-sadak-yojana-pmgsy-i-ADMzITMtQWa?utm_source=chatgpt.com

Annu Dewangan
Author: Annu Dewangan