राजस्व मामलों में लापरवाही नहीं चलेगी, प्रभारी मंत्री ने अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश

धमतरी। जिले के प्रभारी मंत्री तथा राजस्व, आपदा प्रबंधन एवं उच्च शिक्षा मंत्री टंकराम वर्मा ने गुरुवार देर शाम कलेक्टोरेट सभाकक्ष में आयोजित समीक्षा बैठक के दौरान शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं और विभिन्न विभागों के कार्यों की विस्तृत समीक्षा करते हुए अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि आम जनता से जुड़े सभी राजस्व प्रकरणों का गुणवत्तापूर्ण और समय-सीमा के भीतर निराकरण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि नामांतरण, बंटवारा, सीमांकन, स्वामित्व कार्ड, भूमि डायवर्सन सहित अन्य राजस्व मामलों में किसी भी प्रकार की अनावश्यक देरी स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों से संवेदनशीलता, जवाबदेही और सेवा भावना के साथ कार्य करने का आह्वान करते हुए कहा कि प्रशासन सरकार और जनता के बीच सबसे महत्वपूर्ण कड़ी है तथा योजनाओं का वास्तविक उद्देश्य तभी पूरा होगा, जब उनका लाभ अंतिम व्यक्ति तक समय पर पहुंचे। समीक्षा के दौरान मंत्री ने लंबित प्रकरणों की जानकारी लेते हुए पारदर्शिता और नियमानुसार कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इस अवसर पर उन्होंने पांच हितग्राहियों को स्वामित्व कार्ड और पांच हितग्राहियों को जाति प्रमाण पत्र भी वितरित किए।

बैठक में मानसून के मद्देनजर संभावित बाढ़ और आपदा प्रबंधन की तैयारियों की भी समीक्षा की गई। मंत्री वर्मा ने जिला प्रशासन को बाढ़ संभावित क्षेत्रों पर लगातार निगरानी रखने, राहत एवं बचाव दलों को सक्रिय बनाए रखने तथा आवश्यक संसाधनों की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि किसी भी आपात स्थिति में त्वरित राहत और बचाव व्यवस्था ही जन-धन की सुरक्षा का सबसे प्रभावी माध्यम है। इसके अलावा स्कूल शिक्षा, स्वास्थ्य, कृषि, जल संसाधन, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी, उद्योग, महिला एवं बाल विकास सहित विभिन्न विभागों की योजनाओं की प्रगति का भी परीक्षण किया गया। स्कूल शिक्षा विभाग को समय पर विद्यार्थियों को पाठ्यपुस्तक, गणवेश और साइकिल उपलब्ध कराने, कृषि विभाग को किसानों के लिए खाद एवं बीज की पर्याप्त उपलब्धता बनाए रखने तथा स्वास्थ्य विभाग को ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को और अधिक सुदृढ़ करने, आयुष्मान कार्ड के अधिकतम उपयोग और चिकित्सा सुविधाओं के विस्तार पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए गए। बैठक में प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना, औद्योगिक पार्कों के विकास, दुग्ध संग्रहण, ई-केवाईसी, जलप्रदाय योजनाओं तथा सिंचाई परियोजनाओं की भी समीक्षा की गई।

प्रभारी मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के वर्ष 2047 तक विकसित भारत के संकल्प और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में विकसित छत्तीसगढ़ के लक्ष्य को साकार करने में प्रत्येक अधिकारी और जनप्रतिनिधि की महत्वपूर्ण भूमिका है। इस दौरान कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने जिले में संचालित विकास कार्यों की जानकारी देते हुए बताया कि स्वास्थ्य अधोसंरचना को मजबूत करने के लिए 200 बिस्तरीय मातृ-शिशु अस्पताल, नेत्र एवं ट्रॉमा सुविधाओं के विकास, कुरूद में 100 बिस्तरीय अस्पताल और नर्सिंग कॉलेज तथा नगरी और मगरलोड क्षेत्र में स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार पर तेजी से कार्य किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि जिले में सड़क, ऑडिटोरियम, इनडोर स्टेडियम, नालंदा परिसर, रेलवे, औद्योगिक पार्क और पर्यटन विकास जैसी कई महत्वपूर्ण परियोजनाओं पर तेजी से काम चल रहा है, जिन्हें अगले दो वर्षों में पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। बैठक में पुलिस अधीक्षक भावना पाण्डेय, वनमंडलाधिकारी कृष्णा यादव, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी जयंत नाहटा, अपर कलेक्टर इंदिरा देवहरि सहित सभी विभागों के जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे। राजस्व सेवाओं, स्वामित्व योजना और नागरिक सुविधाओं से संबंधित विस्तृत जानकारी के लिए राजस्व विभाग, छत्तीसगढ़ शासन की आधिकारिक वेबसाइट देखी जा सकती है। https://revenue.cg.gov.in?utm_source=chatgpt.com

Annu Dewangan
Author: Annu Dewangan