डिग्री नहीं, स्किल ही बनाएगी भविष्य: स्कूल भूमिपूजन में बोले अजय चंद्राकर

कुरूद। नगर में बालक एवं कन्या प्राथमिक शाला के नवीन भवन एवं अतिरिक्त कक्ष निर्माण कार्य के भूमिपूजन कार्यक्रम में पूर्व शिक्षा मंत्री और विधायक अजय चंद्राकर ने शिक्षा व्यवस्था, कौशल विकास, रोजगार और बदलती वैश्विक जरूरतों को लेकर विस्तार से अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि नया भारत केवल डिग्रीधारी युवाओं से नहीं, बल्कि कौशल आधारित प्रतिभाओं से आगे बढ़ेगा और आने वाले समय में वही युवा सफल होंगे जो बदलती परिस्थितियों के अनुरूप खुद को तैयार करेंगे। उन्होंने कहा कि दुनिया तेजी से तकनीक, नवाचार और प्रयोग आधारित व्यवस्था की ओर बढ़ रही है, ऐसे में युवाओं को पारंपरिक शिक्षा के साथ व्यावहारिक ज्ञान और कौशल पर भी ध्यान देना होगा।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक अजय चंद्राकर ने कहा कि स्कूल भवनों का निर्माण और सुविधाओं का विस्तार निश्चित रूप से आवश्यक है, लेकिन केवल भवन बन जाने से शिक्षा में क्रांति नहीं आएगी। उन्होंने कहा कि बच्चों को पाठ्यपुस्तकों तक सीमित रखने के बजाय उन्हें खुला वातावरण, खेल गतिविधियां, सांस्कृतिक मंच, प्रयोगात्मक शिक्षा और आत्मविश्वास विकसित करने के अवसर उपलब्ध कराना समय की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि आज दुनिया ऐसे लोगों को महत्व दे रही है जो नए विचारों पर काम कर सकें और समस्याओं का समाधान निकाल सकें। इसी संदर्भ में उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि कई बार छोटी सोच से जन्मा एक विचार पूरी दुनिया में बड़ा बदलाव ला सकता है।

उन्होंने युवाओं को मल्टी-स्किल और मल्टी-टास्किंग की आवश्यकता बताते हुए कहा कि आने वाले समय में केवल एक क्षेत्र का ज्ञान पर्याप्त नहीं होगा। रोजगार और प्रतिस्पर्धा के बदलते स्वरूप को देखते हुए युवाओं को अलग-अलग क्षेत्रों में दक्षता विकसित करनी होगी। कौशल विकास से जुड़े अवसरों की जानकारी के लिए युवाओं को सरकारी प्लेटफॉर्म और योजनाओं का भी लाभ लेना चाहिए। इस संबंध में अधिक जानकारी के लिए स्किल इंडिया पोर्टल उपयोगी स्रोत हो सकता है।

लोकतांत्रिक व्यवस्था का उल्लेख करते हुए विधायक ने कहा कि आलोचना लोकतंत्र का महत्वपूर्ण हिस्सा है, लेकिन केवल विरोध करने के बजाय बेहतर विकल्प और समाधान भी प्रस्तुत किए जाने चाहिए। उन्होंने नगर विन्यास और विकास कार्यों का जिक्र करते हुए कहा कि कई बार बेहतर भविष्य के लिए वर्तमान में कुछ कठिन निर्णय लेने पड़ते हैं, लेकिन उनका उद्देश्य आने वाली पीढ़ियों के लिए मजबूत आधार तैयार करना होता है।

कार्यक्रम के दौरान परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्र-छात्राओं का सम्मान भी किया गया। ग्रामीण यांत्रिक सेवा विभाग के अनुविभागीय अधिकारी विनोद देवान ने निर्माण कार्य और स्कूल भवन की रूपरेखा की जानकारी दी। इस अवसर पर नगर पालिका अध्यक्ष ज्योति चंद्राकर, जनपद अध्यक्ष गितेश्वरी साहू, भाजपा नेता रविकांत चंद्राकर सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी, शिक्षक, पालक और जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। हालांकि कार्यक्रम में चर्चा का विषय यह भी रहा कि जिन कुछ लोगों को अतिथि के रूप में आमंत्रित किया गया था, उनमें से कुछ ने विधायक के साथ मंच साझा नहीं किया, जिसे लेकर कार्यक्रम स्थल पर अलग-अलग तरह की चर्चाएं होती रहीं।https://www.education.gov.in?utm_source=chatgpt.com

Annu Dewangan
Author: Annu Dewangan