रामकथा उत्सव का भव्य समापन, श्रीराम राज्याभिषेक प्रसंग ने बांधा श्रद्धालुओं को

कुरूद। माहेश्वरी समाज भवन में हर-हर महादेव महिला मंडल माहेश्वरी समाज द्वारा आयोजित सात दिवसीय रामकथा उत्सव का शनिवार को भक्ति और श्रद्धा के माहौल में समापन हुआ। 7 जून से प्रारंभ होकर 14 जून तक चले इस धार्मिक आयोजन के अंतिम दिन कथावाचक बाल योगी विष्णु अरोरा ने भगवान श्रीराम के जीवन प्रसंगों का भावपूर्ण वर्णन करते हुए रावण वध, दशहरा पर्व, अयोध्या वापसी और राज्याभिषेक से जुड़े प्रसंगों का विस्तार से वर्णन किया। उनकी मधुर वाणी और सरल व्याख्या ने उपस्थित श्रद्धालुओं को धर्म, संस्कृति और सनातन परंपराओं के महत्व से अवगत कराया।

रामकथा के अंतिम दिवस बड़ी संख्या में श्रद्धालु कथा श्रवण के लिए पहुंचे। कथावाचक विष्णु अरोरा ने कहा कि भगवान श्रीराम का जीवन केवल एक धार्मिक कथा नहीं, बल्कि आदर्श जीवन जीने की प्रेरणा है। उन्होंने मर्यादा, सत्य, त्याग और कर्तव्यनिष्ठा के मूल्यों को वर्तमान समय में भी प्रासंगिक बताते हुए समाज से इन आदर्शों को अपनाने का आह्वान किया। कथा के दौरान श्रीराम के अयोध्या आगमन और राज्याभिषेक के प्रसंगों का वर्णन सुनकर श्रद्धालु भाव-विभोर हो उठे और पूरा माहौल जय श्रीराम के उद्घोष से गूंज उठा।

इस धार्मिक आयोजन में क्षेत्र के जनप्रतिनिधियों और समाज के वरिष्ठजनों की भी सक्रिय भागीदारी रही। विधायक अजय चंद्राकर, नगर पालिका अध्यक्ष ज्योति भानु चंद्राकर, जिला सहकारी बैंक अध्यक्ष निरंजन सिन्हा तथा जिला पंचायत सदस्य नीलम चंद्राकर सहित कई गणमान्य नागरिकों ने व्यास पीठ की पूजा-अर्चना कर आशीर्वाद प्राप्त किया। अतिथियों ने ऐसे धार्मिक आयोजनों को समाज में नैतिक मूल्यों, सांस्कृतिक जागरूकता और सामाजिक एकता को मजबूत करने वाला बताया। उन्होंने कहा कि रामकथा जैसे आयोजन नई पीढ़ी को भारतीय संस्कृति और जीवन मूल्यों से जोड़ने का प्रभावी माध्यम हैं।

हर दिन दोपहर 3 बजे से शाम 6 बजे तक आयोजित कथा में सैकड़ों श्रद्धालुओं ने भाग लेकर आध्यात्मिक ज्ञान प्राप्त किया। आयोजन समिति और महिला मंडल के सदस्यों ने कथा को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। समापन अवसर पर समाज के संरक्षक, पदाधिकारी, महिला मंडल की सदस्याएं और बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे। कार्यक्रम के अंत में आयोजकों ने सभी श्रद्धालुओं, अतिथियों और सहयोगकर्ताओं का आभार व्यक्त करते हुए भविष्य में भी ऐसे धार्मिक एवं सांस्कृतिक आयोजनों को निरंतर जारी रखने का संकल्प व्यक्त किया।

सनातन परंपराओं और रामकथा से जुड़ी अधिक जानकारी के लिए श्रद्धालु श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र की आधिकारिक वेबसाइट भी देख सकते हैं।

Annu Dewangan
Author: Annu Dewangan