धमतरी। कुरूद नगर स्थित रामसागर तालाब में कमल फूल में लगे मखाना का फल तोड़ने के दौरान एक व्यक्ति की गहरे पानी में डूबने से मौत हो गई। घटना के बाद नगर में देर रात तक अफरा-तफरी का माहौल बना रहा। नगर पालिका, पुलिस और गोताखोरों की टीम ने कई घंटों तक रेस्क्यू अभियान चलाया, जिसके बाद रविवार सुबह तालाब से शव को बाहर निकाला गया। पुलिस ने पंचनामा और पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी करने के बाद शव परिजनों को सौंप दिया है। हादसे के बाद मृतक के गांव उमरदा में शोक का माहौल है।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार ग्राम उमरदा निवासी संतोष कंवर (40) शनिवार को कुरूद में अपने रिश्तेदार के यहां आयोजित दशगात्र कार्यक्रम में शामिल होने आया था। कार्यक्रम के दौरान रामसागर तालाब में जलांजलि की प्रक्रिया चल रही थी। इसी बीच संतोष कंवर अपने तीन अन्य साथियों के साथ तालाब में कमल फूल में लगे मखाना का फल तोड़ने के लिए गहरे पानी की ओर चला गया। बताया जा रहा है कि तालाब के भीतर मौजूद झाड़ियों में उसका पैर फंस गया, जिससे वह अचानक गहरे पानी में डूब गया। काफी देर तक बाहर नहीं निकलने पर साथ मौजूद लोगों ने उसकी तलाश शुरू की, लेकिन सफलता नहीं मिलने पर घटना की सूचना तत्काल पुलिस को दी गई।
सूचना मिलने के बाद स्थानीय पुलिस और नगर पालिका की टीम मौके पर पहुंची और अपने स्तर पर खोजबीन शुरू की गई। हालांकि शनिवार देर रात तक कोई सफलता नहीं मिलने पर धमतरी से विशेषज्ञ गोताखोरों की टीम को बुलाया गया। कई घंटे तक चले रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद रविवार सुबह तालाब से शव बरामद किया गया। घटना की जानकारी मिलते ही कुरूद और उमरदा गांव के बड़ी संख्या में लोग देर रात तक तालाब किनारे मौजूद रहे। संतोष कंवर पेशे से राजमिस्त्री थे और अपने परिवार के भरण-पोषण का प्रमुख सहारा माने जाते थे। अचानक हुई इस घटना ने परिवार को गहरे सदमे में डाल दिया है।
स्थानीय प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि जलाशयों, तालाबों या गहरे पानी वाले क्षेत्रों में पर्याप्त सावधानी बरती जाए, विशेषकर ऐसी जगहों पर जहां जलकुंभी, झाड़ियां या गाद मौजूद हो, क्योंकि ऐसे स्थानों पर हादसों की आशंका अधिक रहती है। जल सुरक्षा और बचाव संबंधी दिशा-निर्देशों की जानकारी के लिए राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (NDMA) की आधिकारिक वेबसाइट देखी जा सकती है।







