रात में धधकी ग्रामीण बैंक शाखा, दस्तावेज और सिस्टम जलने की आशंका

छत्तीसगढ़। रायगढ़ जिले के चक्रधर नगर थाना क्षेत्र स्थित लोईंग में रविवार रात उस समय हड़कंप मच गया, जब छत्तीसगढ़ राज्य ग्रामीण बैंक की शाखा में अचानक भीषण आग लग गई। देखते ही देखते आग ने बैंक परिसर को अपनी चपेट में ले लिया और कुछ ही देर में शाखा का बड़ा हिस्सा जलकर क्षतिग्रस्त हो गया। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार आगजनी में बैंक के महत्वपूर्ण दस्तावेज, कंप्यूटर सिस्टम और अन्य कार्यालयीन सामग्री को भारी नुकसान पहुंचने की आशंका जताई जा रही है। हालांकि वास्तविक नुकसान का आंकलन अभी जारी है और बैंक प्रबंधन व प्रशासन की टीम मामले की विस्तृत जांच में जुटी हुई है।

जानकारी के मुताबिक रविवार रात करीब साढ़े नौ बजे स्थानीय लोगों ने बैंक भवन से धुआं उठते देखा। बैंक जिस इमारत में संचालित हो रहा है, उसके ऊपरी हिस्से में मकान मालिक मनोज प्रधान का परिवार और कुछ अन्य किरायेदार निवास करते हैं। धुआं दिखाई देने के बाद तत्काल बैंक प्रबंधन को सूचना दी गई, जिसके बाद बैंक प्रबंधक कुणाल कुमार ने पुलिस और दमकल विभाग को घटना की जानकारी दी। सूचना मिलते ही दमकल कर्मियों और पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। काफी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका, जिससे आग को आसपास के हिस्सों में फैलने से रोका जा सका।

प्राथमिक जांच में आग लगने का संभावित कारण शॉर्ट सर्किट माना जा रहा है, लेकिन अधिकारियों का कहना है कि तकनीकी जांच पूरी होने के बाद ही वास्तविक वजह स्पष्ट हो सकेगी। आग के चलते बैंक के कई महत्वपूर्ण रिकॉर्ड, कंप्यूटर और कार्यालय से जुड़ी सामग्री प्रभावित होने की बात सामने आई है। वहीं बैंक की तिजोरी की स्थिति को लेकर भी जांच की जा रही है। प्रशासन ने अभी तक यह स्पष्ट नहीं किया है कि तिजोरी अथवा उसमें रखी सामग्री आग की चपेट में आई है या सुरक्षित है। राहत की बात यह रही कि घटना में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं मिली है और भवन में मौजूद सभी लोग सुरक्षित बाहर निकाल लिए गए।

प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि सार्वजनिक संस्थानों और व्यावसायिक परिसरों में विद्युत सुरक्षा मानकों का विशेष ध्यान रखा जाए, ताकि इस प्रकार की घटनाओं से बचा जा सके। आगजनी और आपदा सुरक्षा संबंधी दिशा-निर्देशों की जानकारी के लिए National Disaster Management Authority की आधिकारिक वेबसाइट देखी जा सकती है।

Annu Dewangan
Author: Annu Dewangan